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- बसंत पंचमी पर वासंती रंग में रंगेगा महाकाल मंदिर, भस्म आरती से होगी शुरुआत; सांदीपनि आश्रम में भी होंगे विशेष धार्मिक आयोजन!
- वीरभद्र जी के कान में स्वस्ति वाचन के बाद ली गई आज्ञा, पंचामृत अभिषेक और भस्म अर्पण के साथ साकार रूप में भगवान ने दिए दर्शन
सिंध प्रांत से आया ध्वज लहराया, 101 महिलाएं कलश लेकर निकली
उज्जैन | सिंध प्रांत से लाए ध्वज लहराया और 101 महिलाएं सिर पर कलश रखकर निकली। इसी के साथ स्वामी पुरसनाराम साहिब का दो दिनी मेला सोमवार को अब्दालपुरा में शुरू हुआ। सुबह मुहूर्त में मंदिर के शिखर पर ध्वज अर्पित किया गया। दोपहर में कलश यात्रा निकाली गई जिसका शुभारंभ विहिप के अंतर राष्ट्रीय अध्यक्ष प्रवीण तोगड़िया ने हरि झंडी दिखाकर किया। संयोजक मुकेश साध राधाकिशन साहिब जयपुर के सान्निध्य में आयोजित मेले में अजमेर, उदयपुर, भोपाल, बैरागढ़, भोपाल व मुंबई सहित देशभर के सैकड़ों भक्त यहां उमड़ना शुरू हो गए। बैंड-बाजों से निकली शोभायात्रा में कलश के साथ रंगीन परिधानों में महिलाएं, घोड़ी, बग्घी, डीजे के साथ रथ में स्वामीजी की प्रतिमा निकाली गई। अब्दालपुरा से यात्रा अवंतिपुरा, खजूरवाली मस्जिद, गीता काॅलोनी, निकास चौराहा, पटेल काॅलोनी होकर स्वामी पुरसनाराम धाम पर समाप्त हुई। मार्ग में कई जगह मंचों से यात्रा का स्वागत किया गया। दोपहर हजारों लोगों ने महाप्रसादी ली। शाम 5 से 7 बजे तक सत्संग-कीर्तन चला। रात 11 से मध्य रात 2 बजे तक बालक मंडली का कार्यक्रम हुआ।